पटना:
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर बड़ा और सख्त फैसला लिया है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कर दिया है कि अब राज्य के सरकारी डॉक्टर निजी प्रैक्टिस नहीं कर सकेंगे।

पश्चिमी चंपारण में समृद्धि यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि सरकारी डॉक्टरों की पहली और पूरी जिम्मेदारी आम जनता के प्रति है। उन्होंने दो टूक कहा कि सरकारी अस्पतालों में इलाज को लेकर किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
सीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सरकारी डॉक्टरों के लिए नई नीति लाई जाए और निजी प्रैक्टिस पर पूरी तरह रोक लगाने के लिए स्पष्ट गाइडलाइन जारी की जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि जो डॉक्टर सरकारी सेवा में हैं, उन्हें पूरी निष्ठा के साथ सरकारी अस्पतालों में अपनी सेवाएं देनी होंगी।
नीतीश कुमार ने चेतावनी देते हुए कहा कि नियमों का उल्लंघन करने वाले डॉक्टरों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। सरकार का उद्देश्य है कि सरकारी अस्पतालों में आने वाले मरीजों को समय पर और बेहतर इलाज मिल सके।





